विकास दुबे का एनकाउंटर कैसे हुआ

विकास दुबे का एनकाउंटर कैसे हुआ
विकास दूबे
विकास दुबे का एनकाउंटर कैसे हुआ
विकास दुबे का एनकाउंटर कैसे हुआ

कानपुर एनकाउंटर विकास दुबे का 

विकास दुबे की छाती में तीन और हाथ में एक गोली लगी है। वहीं 8 पुलिसकर्मियों की हत्यारे गैंगस्टर विकास दुबे के एनकाउंटर पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं।  

कानपुर में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के मुख्य अभियुक्त विकास दुबे 


विकास दुबे को 9 जुलाई को मध्य प्रदेश के उज्जैन में महाकाल मंदिर से गिरफ्तार किया गया।
Kanpur Encounter Today Live News Updates: कानपुर का हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे का अंतिम संस्कार कर दिया गया। शुक्रवार की शाम 7 बजे के आसपास भैरव घाट स्थित विद्युत शवदाह गृह ले जाया गया। वहीं अंतिम संस्कार किया गया। हालांकि, खास बात यह थी कि अंतिम संस्कार के दौरान पत्नी ऋचा, बेटे के अलावा सिर्फ एक निकट का रिश्तेदार मौजूद था। इसके अलावा कई थानों की फोर्स मौजूद थी। इसी दौरान ऋचा अचानक मीडिया कर्मियों पर भड़क गईं। वह वहां पर मौजूद मीडियाकर्मियों को भद्दी-भद्दी गालियां देने लगीं। ऋचा ने कहा कि वक्त आने पर मैं सबका हिसाब करूंगी।
विकास दुबे की पत्नी ने कहा है कि उसके पति ने गलत किया था और उसके साथ यही होना था। दुबे के अंतिम संस्कार के वक्त उसकी पत्नी  ने मीडिया कर्मियों से काफी नाराजगी से बात की। उसने एक सवाल पर कहा “हां, हां, हां, विकास ने गलत किया था और उसके साथ यही होना था।” रिचा ने दुबे का अंतिम संस्कार कवर करने आए मीडिया कर्मियों पर गुस्सा उतारा और उन्हें वहां से चले जाने को कहा। उसने दुबे की मुठभेड़ में मौत के लिए मीडिया को जिम्मेदार बताया।

 

दो और सहयोगी ऐसे ही 'मुठभेड़' में मारे गए

लेकिन इस घटनाक्रम की 'क्रोनोलॉजी' इतनी सपाट और दोहराव वाली है कि इस पर लोगों को यक़ीन नहीं हो रहा है. दरअसल, जिस दिन विकास दुबे को उज्जैन में गिरफ़्तार किया गया, उसी दिन से सोशल मीडिया पर ऐसी आशंकाएं जताई जा रही थीं कि ऐसा ही कुछ विकास दुबे के साथ हो सकता है.

 

गैंगस्टर विकास दुबे मारा गया लेकिन इसके जरिए किसको बचाया गया?

विकास दुबे ने पहले चोरी और छिनैती से अपराध की दुनिया में कदम रखा, लेकिन जल्द ही बंदूक केे ट्रिगर पर उसकी उंगलियां थिरकने लगीं. शुक्रवार को चार-चार गोलियों का शिकार हुआ विकास दुबे अब तक 16 लोगों को गोलियों से छलनी कर चुका है, तो सवाल है कि ऐसा अपराध वो अपने दम पर कर रहा था या खाकी और खादी के रसूखदार लोगों का उसके ऊपर हाथ था.

गैंगस्टर विकास दुबे का अंतिम संस्कार  किया गया, पत्नी और करीबी रिश्तेदार रहे मौजूद

विकास दुबे का अंतिम संस्कार हो गया है. विकास दुबे के अंतिम संस्कार में उसकी पत्नी और करीबी रिश्तेदार मौजूद रहे. इससे पहले उसके शव का पोस्टमॉर्टम हुआ. पोस्टमॉर्टम की वीडियोग्राफी भी की गई.

गैंगस्टर विकास दुबे का अंतिम संस्कार हो गया है. विकास दुबे के अंतिम संस्कार में उसकी पत्नी और करीबी रिश्तेदार मौजूद रहे. इससे पहले उसके शव का पोस्टमॉर्टम हुआ. पोस्टमॉर्टम की वीडियोग्राफी भी की गई. 8 पुलिसकर्मियों की हत्या के आरोपी विकास दुबे का कोरोना टेस्ट भी हुआ था जिसकी रिपोर्ट निगेटिव आई है. विकास दुबे के शव को उसके बहनोई लेने पहुंचे. अंतिम संस्कार भैरव घाट पर किया गया.
बता दें कि यूपी के मोस्टवॉन्टेड अपराधी विकास दुबे को स्पेशल टास्क फोर्स ने शुक्रवार सुबह एनकाउंटर में मार गिराया. विकास दुबे पर 8 पुलिसकर्मियों की हत्या का आरोप था. यूपी पुलिस को उसकी कानपुर गोलीकांड की घटना के बाद से ही तलाश थी

बचपन से रहा फिल्में देखने का शौक

बचपन में विकास कानपुर के शास्त्री नगर, काकादेव, गीता नगर व आसपास मोहल्लों में पला-बढ़ा। उसे फिल्में देखने का शौक शुरू से था। वर्ष 1999 में जब वह अपराध की दुनिया में तेजी से कदम बढ़ा रहा था तभी सिनेमाघरों में प्रदर्शित हुई 'अर्जुन पंडित' फिल्म देखी। इस थ्रिलर फिल्म अभिनेता सनी देओल एक ताकतवर व्यक्ति के किरदार में दिखते हैं। वह धोखा खाने के बाद गैंगस्टर बनते हैं। ठीक वैसे ही विकास ने भी शुरुआती जीवन में कई बार धोखे खाए। इससे खुद की जिंदगी को फिल्मी अंदाज में ढाला। पुलिस, प्रशासन व दबंगों के बीच खुद को 'विकास पंडित' के रूप में पेश किया। करीबी बताते हैं कि यह फिल्म उसने करीब 100 बार देखी थी। खुद को फिल्म के अभिनेता की जगह फिट कर जिंदगी के सीन दोहराए। जब किसी ने उसे छेड़ा तो फिर किसी को छोड़ा नहीं। घटनाएं करने के बाद फरारी काटने से लेकर सरेंडर करने का अंदाज हर बार फिल्मी रहा।